पूर्व कार्यकाल की नियुक्तियों से किया किनारा, मंदिर समिति अध्यक्ष के खिलाफ भी उठाए सवाल
देहरादून। मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर पलटवार किया है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सोमवार को कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान कहा कि उनके कार्यकाल में मंदिर समिति में कोई नियुक्ति नहीं की गई और न ही किसी आरोपी को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि सच्चाई सामने आने पर सभी तथ्य स्पष्ट हो जाएंगे।
गणेश गोदियाल ने कहा कि जिस कर्मचारी का नाम इस प्रकरण में सामने आ रहा है, वह उनके कार्यकाल में केवल एक सामान्य कर्मचारी के रूप में कार्यरत था। उन्होंने स्पष्ट किया कि उसे किसी प्रकार का महत्वपूर्ण प्रशासनिक या वित्तीय दायित्व नहीं सौंपा गया था।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से सवाल करते हुए कहा कि यदि सरकार निष्पक्ष कार्रवाई चाहती है तो मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी को पद से क्यों नहीं हटाया जा रहा है। उनका कहना था कि निष्पक्ष जांच होने पर पूरे मामले की वास्तविकता सामने आ जाएगी।
प्रेसवार्ता के दौरान गोदियाल ने दावा किया कि हेमंत द्विवेदी के पूर्व कार्यकाल से जुड़े कई तथ्य रिकॉर्ड में मौजूद हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि तत्कालीन मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ के कार्यकाल में भी उन्हें एक प्रकरण में पद से हटाया गया था। ऐसे व्यक्ति को दोबारा मंदिर समिति का अध्यक्ष बनाए जाने पर उन्होंने सवाल उठाए।
गणेश गोदियाल ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि हेमंत द्विवेदी के पिछले कार्यकाल की भी विस्तृत जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पूरे मामले में पारदर्शी और निष्पक्ष जांच की पक्षधर है तथा जांच के बाद ही वास्तविक जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।